आंशिक रूप से सही
कोरियाई ऑनलाइन समुदायों में तेजी से फैल रहे एक दावे में कहा गया कि एक AI (인공지능) ने खुद को इंसान साबित कर दिया और कोरिया की राष्ट्रीय कॉलेज प्रवेश परीक्षा CSAT (수능) में पूर्णांक हासिल कर लिया। इस दावे की पड़ताल के लिए 12 प्राथमिक स्रोतों की समीक्षा की गई, जिनमें CSAT-बेंचमार्क से जुड़ी सामग्री — जिसमें '물리1' (भौतिकी 1) अनुभाग की इमेज शामिल है — की भी जांच की गई। पड़ताल का अंतिम निष्कर्ष दावे के प्रचारित रूप को पूरी तरह पुष्ट नहीं करता।
प्रचारित दावे के अनुसार, एक ऐसा AI सामने आया है जिसने "인간 증명" यानी इंसान होने का प्रमाण दिया और CSAT में सर्वोच्च अंक प्राप्त किए। कोरिया में AI प्रतिस्पर्धा तीव्र होने के बीच इस तरह के दावे ऑनलाइन तेजी से फैलते हैं, इसलिए इनकी स्वतंत्र पड़ताल जरूरी मानी गई।
पड़ताल के दौरान कुल 12 प्राथमिक स्रोतों की समीक्षा की गई। इनमें ub.io पर होस्ट CSAT-बेंचमार्क सामग्री शामिल थी, जिसमें '물리1' (भौतिकी 1) अनुभाग की इमेज दर्ज है। यह संकेत देता है कि संबंधित बेंचमार्क में परीक्षा के अनुभागों को इमेज-आधारित रूप में शामिल किया गया था।
CSAT एक बहु-विषयक राष्ट्रीय प्रवेश परीक्षा है, इसलिए "पूर्णांक" के दावे की पुष्टि के लिए सभी अनुभागों के पूर्ण दस्तावेज़ आवश्यक होते हैं। इसी तरह, "인간 증명" (इंसान साबित करने) की परिभाषा और उसकी परीक्षण-पद्धति स्पष्ट नहीं है, जिससे दावे के इस हिस्से का सत्यापन भी जटिल बन जाता है। समीक्षा में दावे के सभी पहलूओं को समान स्तर पर पुष्ट नहीं माना गया।
12 प्राथमिक स्रोतों की समीक्षा के बाद यह स्थापित हुआ कि यह दावा न पूरी तरह आधारहीन है, न पूरी तरह प्रमाणित — पड़ताल का अंतिम निष्कर्ष है कि यह दावा आंशिक रूप से सही है।